दिल की कौन सुनता है ?

दिल ने चाहा मगर ,दिल की कौन सुनता है ?कदम बढे रहाइश की औरदिल में बसी उमंग है ,इंतजार शुरू किया इफ्तिकार से ,पर इंतजार इम्तहान बन गया है … दिल ने चाहा मगर ,दिल की कौन सुनता है ?जिससे मोहब्बत की थी जनाब ,धुंदला उसका नफ़्स है ,आयने के परामर्श से शुरू किया प्यारContinue reading “दिल की कौन सुनता है ?”

वक्त ने किया सितम…

वक्त ने किया सितम ,मेरा क्या गुनाह है ,जाकर तुम भी वक्त से पूछो ,तू किस घडी में ,बीतता चला जा रहा है .. वक्त ने किया सितम,ठहर जा कुछ मेरी भी सुन ,सवालो के जवाब दे जा –दो सालो में गुजारी यादो कोदो पल में क्यों मिटा रहा है .. वक्त ने किया सितम,रुकContinue reading “वक्त ने किया सितम…”

कोरोना की कहानी…

तू दुखी था घूमने न जा सका,वह दुःख के साथ घूम रहा थातू अपनों की याद मे परेशान था,उसे तो उन्हें खिलाना भी थातू पराया होके भी सरकार का लाडला था,अपना तो आज भी पैदल ही चला था ! तू मोमोस न मिलने से खफा था,उसे दो वक्त का खाना भी काफी थातूने तो पोटलीContinue reading “कोरोना की कहानी…”

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